इंडिया एआई इंपैक्ट समिट में ऐलान: राष्ट्र निर्माण और सस्ती एआई पर जोर
नई दिल्ली, 19 फरवरी (हि.स.)। देश के प्रमुख उद्योगपति एवं रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक मुकेश अंबानी ने कृत्रिम मेधा के क्षेत्र में बड़े निवेश की घोषणा की है। भारत मंडपम में आयोजित इंडिया एआई इंपैक्ट समिट को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि जियो, रिलायंस के साथ मिलकर अगले सात वर्षों में एआई क्षेत्र में 10 लाख करोड़ रुपये का निवेश करेगी।
मुकेश अंबानी ने कहा कि विश्व इस समय एआई को लेकर दोराहे पर खड़ा है। एक रास्ता दुर्लभ, महंगी और नियंत्रित डेटा आधारित एआई की ओर जाता है, जबकि दूसरा रास्ता सस्ती, सुलभ और सर्वसुलभ एआई सुनिश्चित करता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका निवेश सट्टा या त्वरित लाभ के लिए नहीं है, बल्कि यह धैर्यपूर्ण और अनुशासित राष्ट्र निर्माण की दिशा में लगाया जा रहा पूंजी निवेश है।
एआई का श्रेष्ठ रूप अभी आना बाकी
मुकेश अंबानी ने कहा कि एआई का सर्वश्रेष्ठ स्वरूप अभी सामने आना बाकी है और इसमें अपार समृद्धि का युग लाने की क्षमता है। उन्होंने इस शिखर सम्मेलन को भारत के तकनीकी इतिहास का एक महत्वपूर्ण क्षण बताया। उनके अनुसार यह वह समय है जब भारत एआई को विकसित भारत के लक्ष्य की प्रमुख प्रेरक शक्ति बनाने का संकल्प ले रहा है। वर्ष 2047 तक पूर्ण विकसित राष्ट्र बनने की दिशा में एआई अहम भूमिका निभाएगा।
उन्होंने कहा कि एआई के विस्तार में सबसे बड़ी बाधा प्रतिभा की कमी नहीं, बल्कि उच्च संगणन लागत है। विशाल क्षमता वाले डेटा केंद्रों की स्थापना और संचालन में भारी निवेश की आवश्यकता होती है। जियो इस चुनौती को अवसर में बदलने की दिशा में कार्य करेगा।
इंटरनेट से बुद्धिमत्ता युग तक
अंबानी ने कहा कि जियो ने भारत को इंटरनेट युग से जोड़ा था और अब वह देश को बुद्धिमत्ता के युग से जोड़ेगा। उनका लक्ष्य है कि एआई की शक्ति हर नागरिक, हर क्षेत्र और सामाजिक विकास के प्रत्येक आयाम तक पहुंचे। उन्होंने आश्वासन दिया कि जियो यह कार्य उसी विश्वसनीयता, व्यापकता और किफायती दरों के साथ करेगा, जिससे उसने संपर्क क्षेत्र में परिवर्तन लाया था।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को इस समिट का मार्गदर्शक और प्रेरक बताया। साथ ही मंत्री अश्विनी वैष्णव और उनकी टीम की सराहना करते हुए कहा कि भारत की महत्वाकांक्षा के अनुरूप इस समिट का भव्य आयोजन किया गया है।
एआई से गरीबी रहित और समृद्ध भविष्य की आशा
मुकेश अंबानी ने कहा कि यदि एआई का विवेकपूर्ण उपयोग किया जाए तो यह “बहुत अधिक” के युग की शुरुआत कर सकता है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि एआई के माध्यम से गरीबी रहित दुनिया और सभी आठ अरब लोगों के लिए खुशहाली का भविष्य संभव है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री का एआई समर्थित विकसित भारत का दृष्टिकोण केवल भारत के लिए ही नहीं, बल्कि वैश्विक दक्षिण के लिए भी एक मार्गदर्शक खाका है। एआई का लोकतांत्रिक और सर्वसुलभ उपयोग ही आने वाले समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है।
मुकेश अंबानी की यह घोषणा न केवल भारत के तकनीकी परिदृश्य को नई दिशा दे सकती है, बल्कि वैश्विक एआई प्रतिस्पर्धा में भारत की भूमिका को भी सशक्त बना सकती है।
✨ स्वदेश ज्योति के द्वारा | और भी दिलचस्प खबरें आपके लिए… सिर्फ़ स्वदेश ज्योति पर!
ओक्लाहोमा में आग का तांडव: शिकागो जितने बड़े इलाके में भड़की लपटें, हजारों लोग बेघर
कैलिफोर्निया में भीषण हिमस्खलन: 9 में से 8 स्कीयरों के शव बरामद, एक अब भी लापता
यौन अपराधों की सुनवाई पर सुप्रीम कोर्ट सख्त: राष्ट्रीय न्यायिक अकादमी को गाइडलाइंस बनाने का निर्देश
/swadeshjyoti/media/agency_attachments/2025/11/09/2025-11-09t071157234z-logo-640-swadesh-jyoti-1-2025-11-09-12-41-56.png)
/swadeshjyoti/media/agency_attachments/2025/11/09/2025-11-09t071151025z-logo-640-swadesh-jyoti-1-2025-11-09-12-41-50.png)
/swadeshjyoti/media/media_files/2026/02/19/ambani-2026-02-19-15-15-24.jpg)