सरहिंद क्षेत्र में देर रात विस्फोट से मची अफरा-तफरी, जांच में जुटीं सुरक्षा एजेंसियां

फतेहगढ़ साहिब। पंजाब के फतेहगढ़ साहिब जिले में देर रात उस समय सनसनी फैल गई, जब सरहिंद क्षेत्र में रेलवे लाइन पर जोरदार धमाका हुआ। यह विस्फोट फतेहगढ़ साहिब-सरहिंद रेलवे स्टेशन से लगभग चार किलोमीटर दूर फ्रेट कॉरिडोर की नई रेलवे लाइन पर हुआ, जो विशेष रूप से मालगाड़ियों के संचालन के लिए बनाई गई है। घटना रात करीब 11 बजे की बताई जा रही है, जब एक मालगाड़ी इस फ्रेट कॉरिडोर से गुजर रही थी। जैसे ही मालगाड़ी का इंजन खानपुर फाटकों के पास पहुंचा, अचानक तेज धमाका हुआ, जिससे रेलवे लाइन का लगभग 12 फीट हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया।

धमाके की तीव्रता इतनी अधिक थी कि मालगाड़ी का इंजन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और मौके पर अफरा-तफरी मच गई। आसपास के ग्रामीणों ने तेज आवाज सुनी और तुरंत रेलवे व पुलिस अधिकारियों को सूचना दी गई। विस्फोट के बाद एहतियातन इस रूट पर रेल यातायात को रोक दिया गया और सुरक्षा एजेंसियों को अलर्ट किया गया।

धमाके में लोको पायलट घायल, चंडीगढ़ रेफर

इस घटना में मालगाड़ी का लोको पायलट घायल हो गया। धमाके के समय इंजन के शीशे टूट गए, जिससे लोको पायलट को चोटें आईं। घायल चालक को पहले प्राथमिक उपचार के लिए नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जिसके बाद बेहतर इलाज के लिए उसे चंडीगढ़ रेफर किया गया है। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, इंजन में सवार एक अन्य रेलकर्मी को भी मामूली चोटें आई हैं। क्षतिग्रस्त इंजन को जांच और मरम्मत के लिए अंबाला भेज दिया गया है।

रेलवे प्रशासन ने घटना के तुरंत बाद तकनीकी टीम को मौके पर भेजा, ताकि ट्रैक की स्थिति का आकलन किया जा सके और यह सुनिश्चित किया जा सके कि आसपास की अन्य लाइनों को कोई खतरा न हो। सुरक्षा के लिहाज से पूरे क्षेत्र को घेराबंदी में लिया गया।

जांच में जुटीं कई टीमें, आरडीएक्स की आशंका से इनकार नहीं

घटना की गंभीरता को देखते हुए पंजाब पुलिस, रेलवे सुरक्षा बल और अन्य केंद्रीय एजेंसियां जांच में जुट गई हैं। डीजीपी लॉ एंड ऑर्डर ने बताया कि अलग-अलग टीमें इस मामले की जांच कर रही हैं। शुरुआती जांच में यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि धमाके में किसी उच्च विस्फोटक, जैसे आरडीएक्स, का इस्तेमाल किया गया है या नहीं। सभी संभावनाओं को ध्यान में रखते हुए जांच की जा रही है।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, घटनास्थल से फोरेंसिक सैंपल एकत्र कर जांच के लिए भेज दिए गए हैं। बम स्क्वॉड और डॉग स्क्वॉड ने रेलवे लाइन और आसपास के क्षेत्र में सघन तलाशी अभियान चलाया, ताकि यह पता लगाया जा सके कि कहीं कोई अन्य विस्फोटक सामग्री तो नहीं रखी गई है। देर रात तक चले सर्च ऑपरेशन के बाद अब दिन के उजाले में जांच को और तेज कर दिया गया है।

आतंकी साजिश की आशंका, इनकार नहीं

घटनास्थल पर पहुंचे डीआईजी रोपड़ डॉक्टर नानक सिंह ने कहा कि इस धमाके के पीछे आतंकी साजिश की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने बताया कि विस्फोट अपेक्षाकृत ज्यादा घातक नहीं था, लेकिन यह एक सुनियोजित घटना हो सकती है, जिसका उद्देश्य रेलवे ढांचे को नुकसान पहुंचाना और दहशत फैलाना हो सकता है। सभी जांच एजेंसियां आपसी तालमेल के साथ काम कर रही हैं और इस घटना की तह तक पहुंचने के प्रयास किए जा रहे हैं।

डीआईजी ने यह भी स्पष्ट किया कि प्रारंभिक तौर पर यह कहना जल्दबाजी होगी कि यह आतंकवादी घटना ही है, लेकिन जिस तरह से फ्रेट कॉरिडोर जैसी महत्वपूर्ण रेलवे लाइन को निशाना बनाया गया है, उससे सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क हो गई हैं। रेलवे लाइन के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है और स्थानीय लोगों से भी पूछताछ की जा रही है।

रेलवे और सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल

इस धमाके के बाद रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। फ्रेट कॉरिडोर जैसी महत्वपूर्ण परियोजना, जो देश की माल परिवहन क्षमता को मजबूत करने के लिए बनाई गई है, वहां इस तरह की घटना चिंता का विषय मानी जा रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर की सुरक्षा को और मजबूत करने की जरूरत है, खासकर उन रूट्स पर जो रणनीतिक और आर्थिक दृष्टि से महत्वपूर्ण हैं।

फिलहाल रेलवे लाइन की मरम्मत का काम शुरू कर दिया गया है और सुरक्षा जांच पूरी होने के बाद ही यातायात बहाल किया जाएगा। प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और जांच एजेंसियों को सहयोग करने की अपील की है।