सीमांत इलाकों की समीक्षा, विकास योजनाओं की प्रगति और राजनीतिक प्रतिनिधियों से मुलाकात भी कार्यक्रम में शामिल 

जम्मू। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह आज गुरुवार को जम्मू-कश्मीर के तीन दिवसीय दौरे पर जम्मू पहुंच रहे हैं। इस दौरान वे प्रदेश की मौजूदा सुरक्षा स्थिति के साथ-साथ विकासात्मक गतिविधियों की भी गहन समीक्षा करेंगे। दौरे का प्रमुख उद्देश्य सीमांत क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करना, जमीनी हालात का प्रत्यक्ष आकलन करना और केंद्र सरकार की योजनाओं के क्रियान्वयन की प्रगति को परखना है। वर्ष 2026 में यह उनका जम्मू-कश्मीर का पहला दौरा माना जा रहा है, जिसे सुरक्षा दृष्टि से बेहद अहम माना जा रहा है।

सुरक्षा और विकास दोनों पर रहेगा फोकस

गृह मंत्री अपने प्रवास के दौरान जम्मू-कश्मीर के समग्र परिदृश्य पर नजर डालेंगे। वे सीमावर्ती इलाकों का दौरा कर वहां तैनात जवानों से मुलाकात करेंगे और उनकी तैयारियों का जायजा लेंगे। इसके साथ ही वे विभिन्न सरकारी योजनाओं के लाभार्थियों को नियुक्ति पत्र वितरित करेंगे, जिससे युवाओं को रोजगार के अवसर मिल सकें। दौरे के दौरान कुछ राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से भी अलग-अलग बैठकें प्रस्तावित हैं, जिनमें क्षेत्रीय मुद्दों और भविष्य की रणनीति पर चर्चा की जाएगी।

मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला से होगी अहम बातचीत

मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने गृह मंत्री के दौरे की पुष्टि करते हुए कहा कि इस दौरान उनसे जम्मू-कश्मीर से जुड़े कई अहम विषयों पर आमने-सामने बातचीत होगी। उन्होंने बताया कि प्रदेश के विकास, प्रशासनिक चुनौतियों और भविष्य की योजनाओं को लेकर विस्तार से चर्चा की जाएगी। यह बैठक राज्य के लिए नीतिगत दृष्टि से महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद

गृह मंत्री के दौरे को देखते हुए पूरे जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। श्रीनगर में सुरक्षाबलों ने लालचौक और उससे सटे इलाकों में तलाशी अभियान चलाया, वहीं उत्तरी कश्मीर के हंदवाड़ा क्षेत्र में भी सघन जांच की गई। सीमांत क्षेत्रों के साथ-साथ जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर भी निगरानी बढ़ा दी गई है ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके।

आज शाम जम्मू आगमन, लोकभवन में ठहराव

अधिकारियों के अनुसार परिस्थितियां अनुकूल रहने पर अमित शाह गुरुवार शाम को जम्मू पहुंचेंगे। वे लोकभवन में ठहरेंगे, जहां भारतीय जनता पार्टी की प्रदेश इकाई के नेताओं और अन्य राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से अलग-अलग मुलाकात करेंगे। इन बैठकों में संगठनात्मक मुद्दों के साथ-साथ प्रदेश की सुरक्षा और विकास से जुड़े विषयों पर विचार-विमर्श होगा।

अंतरराष्ट्रीय सीमा पर सुरक्षा तंत्र का निरीक्षण

शुक्रवार छह फरवरी की सुबह गृह मंत्री कठुआ जिले के हीरानगर सेक्टर के अंतर्गत अंतरराष्ट्रीय सीमा का दौरा करेंगे। यहां वे सीमा सुरक्षा बल के घुसपैठरोधी तंत्र का निरीक्षण करेंगे और दो अग्रिम चौकियों पर जाकर जवानों से संवाद करेंगे। इस दौरान सीमा पर तैनात बलों की तैयारियों और चुनौतियों की समीक्षा की जाएगी।

उपराज्यपाल की मौजूदगी में उच्चस्तरीय बैठक

दोपहर में हीरानगर से लौटने के बाद अमित शाह लोकभवन में एक उच्चस्तरीय सुरक्षा बैठक की अध्यक्षता करेंगे। इस बैठक में उपराज्यपाल मनोज सिन्हा भी उपस्थित रहेंगे। बैठक में प्रदेश की आंतरिक सुरक्षा, आतंकवाद-रोधी अभियानों और सीमाई हालात पर विस्तार से चर्चा होने की संभावना है।

श्रीनगर में विकास योजनाओं की समीक्षा

शनिवार सात फरवरी की सुबह गृह मंत्री जम्मू से श्रीनगर रवाना होंगे। वहां वे विभिन्न विकास योजनाओं का शुभारंभ करेंगे और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ-साथ मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला के साथ बैठक कर विकासात्मक मुद्दों की समीक्षा करेंगे। इसके बाद वे श्रीनगर से छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के लिए रवाना होंगे।