August 30, 2025 5:34 PM

शोपियां में बड़ी कामयाबी : हिज्ब-उल-मुजाहिदीन का ओवरग्राउंड वर्कर गिरफ्तार

shopian-hizbul-overground-worker-arrested

शोपियां में हिज्ब-उल-मुजाहिदीन का ओवरग्राउंड वर्कर गिरफ्तार, SIA की बड़ी कार्रवाई

श्रीनगर।
जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा एजेंसियों को आतंकवाद विरोधी अभियान में एक और बड़ी सफलता मिली है। राज्य जांच एजेंसी (SIA) की टीम ने शोपियां जिले से हिज्ब-उल-मुजाहिदीन के लिए काम करने वाले एक ओवरग्राउंड वर्कर (OGW) को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी आतंकी संगठनों के स्लीपर सेल के नेटवर्क को तोड़ने की दिशा में अहम मानी जा रही है।


अल्ताफ हुसैन वागे गिरफ्तार

एसआईए की ओर से जारी आधिकारिक बयान के मुताबिक गिरफ्तार आरोपी की पहचान अल्ताफ हुसैन वागे, पिता गुलाम मोहिउद्दीन वागे, निवासी रेबन गुंड, बेहराम, शोपियां के रूप में हुई है। वह लंबे समय से हिज्ब-उल-मुजाहिदीन के स्लीपर सेल के रूप में सक्रिय था और संगठन के लिए जमीनी स्तर पर काम कर रहा था।


आतंकवादी हैंडलर से जुड़ाव के सबूत

एसआईए की जांच में यह खुलासा हुआ है कि अल्ताफ का सीधा संबंध हिज्ब-उल-मुजाहिदीन से जुड़े एक आतंकी हैंडलर से था, जो देश के दूसरे हिस्सों से संचालित हो रहा था। इसी हैंडलर के इशारे पर अल्ताफ आतंकवादी साजिशों में शामिल रहता था और भारत विरोधी प्रचार-प्रसार कर युवाओं को गुमराह करने की कोशिश करता था।


राष्ट्रविरोधी गतिविधियों में शामिल

जांच एजेंसी ने बताया कि आरोपी का मकसद न सिर्फ भारत की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता को चुनौती देना था, बल्कि असंतोष फैलाकर सार्वजनिक अव्यवस्था और सांप्रदायिक तनाव को भड़काना भी था। अल्ताफ को एफआईआर संख्या 01/2025 के तहत पुलिस स्टेशन CI/SIA कश्मीर में दर्ज मुकदमे के आधार पर गिरफ्तार किया गया है। उस पर धारा 13, 18, 18-बी, 38 और 39 (गैरकानूनी गतिविधि निवारण अधिनियम – UAPA) के तहत कार्रवाई की जा रही है।


स्लीपर सेल पर बड़ा वार

एसआईए का मानना है कि यह गिरफ्तारी हिज्ब-उल-मुजाहिदीन के नेटवर्क को कमजोर करने में बड़ी भूमिका निभाएगी। स्लीपर सेल अक्सर आतंकी संगठनों की रीढ़ होते हैं, जो छिपकर रसद, ठिकाना और जानकारी मुहैया कराते हैं। अल्ताफ की गिरफ्तारी से संगठन के कई और नेटवर्क तक पहुंचने में मदद मिल सकती है।


पूछताछ में मिल सकते हैं और सुराग

फिलहाल एजेंसी आरोपी से पूछताछ कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि उसके संपर्क अन्य आतंकी संगठनों या ओवरग्राउंड नेटवर्क से तो नहीं हैं। माना जा रहा है कि पूछताछ के दौरान कई और नामों का खुलासा हो सकता है, जिससे आगे की कार्रवाई तेज होगी।


शोपियां से हिज्ब-उल-मुजाहिदीन के ओवरग्राउंड वर्कर की गिरफ्तारी सुरक्षा एजेंसियों के लिए बड़ी सफलता है। इससे न केवल आतंकी गतिविधियों पर अंकुश लगेगा, बल्कि भविष्य में होने वाले संभावित आतंकी हमलों को रोकने में भी मदद मिलेगी। एजेंसियां अब इस गिरफ्तारी के आधार पर आतंकी नेटवर्क की जड़ों तक पहुंचने की रणनीति बना रही हैं।



Share on facebook
Share on twitter
Share on linkedin
Share on whatsapp
Share on telegram