प्रशासनिक लापरवाही पर उठे सवाल, मजदूर संगठनों में आक्रोश
छत्तीसगढ़: एनटीपीसी सीपत प्लांट में हादसा, 2 मजदूरों की मौत, 5 गंभीर
बिलासपुर/रायपुर। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले के सीपत स्थित एनटीपीसी प्लांट में बुधवार को एक बड़ा औद्योगिक हादसा हुआ, जिसमें 60 टन वजनी ऐश टैंक के गिरने से दो मजदूरों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पांच अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। यह हादसा उस समय हुआ जब प्लांट के यूनिट-5 में वार्षिक मेंटेनेंस का कार्य चल रहा था।
घटना सुबह उस समय हुई जब बॉयलर मेंटेनेंस विभाग द्वारा प्री-एयर हीटर प्लेटफॉर्म की मरम्मत का कार्य किया जा रहा था। मरम्मत के दौरान अचानक भारी प्लेटफॉर्म भरभराकर गिर गया, जिससे नीचे काम कर रहे मजदूर उसकी चपेट में आ गए। इससे वहां अफरा-तफरी मच गई। मौके पर मौजूद कर्मचारियों ने तत्काल स्थानीय पुलिस और राहत टीम को सूचना दी। राहत एवं बचाव कार्य युद्धस्तर पर चलाया गया, और मलबे से अब तक 7 मजदूरों को निकाला गया है।
/swadeshjyoti/media/post_attachments/wp-content/uploads/2025/08/image-314.png)
मलबे में दबे मजदूरों को निकालकर तत्काल एनटीपीसी के अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने दो मजदूरों को मृत घोषित कर दिया, जबकि पांच मजदूरों की हालत नाजुक बताई जा रही है। एक मृतक की पहचान श्याम साहू (27 वर्ष) के रूप में हुई है, जो सीपत क्षेत्र के पोड़ी गांव का निवासी था। श्याम के परिजन पंचराम साहू ने बताया कि श्याम प्लांट में पिछले तीन वर्षों से कार्यरत था और परिवार का एकमात्र कमाने वाला सदस्य था।
हादसे के बाद मचा हड़कंप, मजदूर संगठनों में आक्रोश
हादसे के बाद स्थानीय मजदूर संगठनों और सामाजिक संगठनों ने घटना पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। मजदूर नेताओं ने आरोप लगाया कि प्लांट में मेंटेनेंस कार्य के दौरान सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया गया, जिसके चलते यह जानलेवा हादसा हुआ। उन्होंने मांग की है कि हादसे की निष्पक्ष जांच कर दोषी अधिकारियों और ठेका एजेंसी के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज किया जाए।
/swadeshjyoti/media/post_attachments/wp-content/uploads/2025/08/image-315-1024x768.png)
एनटीपीसी प्रबंधन ने नहीं दिया आधिकारिक बयान
अब तक एनटीपीसी प्रबंधन की ओर से इस गंभीर हादसे को लेकर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। यह चुप्पी और भी सवाल खड़े कर रही है। मजदूर संगठनों ने पीड़ित परिवारों को उचित मुआवजा देने, घायलों के समुचित इलाज की व्यवस्था करने तथा भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए सख्त कदम उठाने की मांग की है।
लगातार सामने आ रहे हादसे, सुरक्षा पर उठे सवाल
एनटीपीसी जैसे देश के प्रतिष्ठित सार्वजनिक उपक्रम में इस प्रकार की दुर्घटनाएं कोई पहली बार नहीं हो रही हैं। इससे पहले भी बीते वर्षों में विभिन्न परियोजनाओं में सुरक्षा उपायों की अनदेखी के कारण मजदूरों की जानें जा चुकी हैं। यह हादसा एक बार फिर औद्योगिक सुरक्षा मानकों और निगरानी व्यवस्था की पोल खोलता है।
/swadeshjyoti/media/post_attachments/wp-content/uploads/2025/08/image-316.png)
प्रशासनिक प्रतिक्रिया
स्थानीय प्रशासन ने घटना के बाद जांच के आदेश दे दिए हैं। पुलिस ने दुर्घटना स्थल को सील कर जांच शुरू कर दी है। जिला प्रशासन की ओर से कहा गया है कि घटना की तह तक जाने और जिम्मेदारों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। वहीं, राहत कार्य अब भी जारी है, क्योंकि आशंका जताई जा रही है कि मलबे के नीचे कुछ और मजदूर फंसे हो सकते हैं।
स्वदेश ज्योति के द्वारा | और भी दिलचस्प खबरें आपके लिए… सिर्फ़ स्वदेश ज्योति पर!
/swadeshjyoti/media/agency_attachments/2025/11/09/2025-11-09t071157234z-logo-640-swadesh-jyoti-1-2025-11-09-12-41-56.png)
/swadeshjyoti/media/agency_attachments/2025/11/09/2025-11-09t071151025z-logo-640-swadesh-jyoti-1-2025-11-09-12-41-50.png)
/swadeshjyoti/media/post_attachments/wp-content/uploads/2025/08/image-316.png)