आईएमडी की चेतावनी: तमिलनाडु-केरल में तेज हवाएं, हिमालयी क्षेत्रों में बारिश और हिमपात की संभावना

नई दिल्ली । नई दिल्ली में भारतीय मौसम विभाग ने देश के मौसम को लेकर ताजा पूर्वानुमान जारी करते हुए दक्षिण भारत में भारी बारिश और उत्तर भारत में तापमान वृद्धि की चेतावनी दी है। विभाग के अनुसार 21 से 23 फरवरी के बीच दक्षिण तमिलनाडु तथा केरल एवं माहे के कुछ हिस्सों में तेज बारिश की संभावना है। इन क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं, जिससे सामान्य जनजीवन प्रभावित हो सकता है।

मौसम विभाग का कहना है कि समुद्री क्षेत्रों में हालात और अधिक चुनौतीपूर्ण रह सकते हैं। मन्नार की खाड़ी, श्रीलंका तट और दक्षिण अंडमान सागर में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है। झोंकों की गति 60 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है। मछुआरों को इन क्षेत्रों में जाने से बचने और पूरी सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है।

दक्षिण भारत में सक्रिय रहेगा मौसम

तमिलनाडु और केरल के कई जिलों में अगले दो दिनों तक बादल छाए रहने और बीच-बीच में तेज बारिश होने का अनुमान है। तेज हवाओं के कारण तटीय इलाकों में समुद्र की लहरें ऊंची उठ सकती हैं। स्थानीय प्रशासन को सतर्क रहने और आपात स्थिति से निपटने की तैयारी रखने के निर्देश दिए गए हैं।

लगातार बारिश से निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन सकती है। बिजली आपूर्ति और यातायात व्यवस्था भी प्रभावित होने की आशंका जताई गई है। मौसम विभाग स्थिति पर नजर बनाए हुए है और समय-समय पर अद्यतन जानकारी जारी करेगा।

उत्तर भारत में बढ़ेगा तापमान

दूसरी ओर, उत्तर-पश्चिम भारत में मौसम का मिजाज बदलने जा रहा है। अगले छह दिनों में अधिकतम तापमान में 3 से 4 डिग्री सेल्सियस तक वृद्धि हो सकती है। वहीं न्यूनतम तापमान में भी 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी का अनुमान है।

इस बढ़ते तापमान के साथ उत्तर भारत में मौसम शुष्क और अपेक्षाकृत गर्म हो सकता है। दिन में धूप तेज रहेगी और रात के तापमान में भी गिरावट कम होगी। विशेषज्ञों का कहना है कि फरवरी के अंतिम सप्ताह में तापमान में यह क्रमिक वृद्धि आगे चलकर गर्मी के शुरुआती संकेत दे सकती है।

हिमालयी क्षेत्रों में हल्की गतिविधि

पर्वतीय राज्यों में हल्की मौसमीय गतिविधि बनी रह सकती है। हिमाचल प्रदेश में 23 फरवरी को कुछ स्थानों पर बारिश या हिमपात की संभावना है। वहीं उत्तराखंड में 22 से 24 फरवरी के बीच ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी और निचले क्षेत्रों में हल्की बारिश हो सकती है। इससे पर्वतीय क्षेत्रों में ठंड का असर बरकरार रहेगा।

बर्फबारी के कारण पहाड़ी मार्गों पर फिसलन बढ़ सकती है, जिससे यातायात प्रभावित हो सकता है। प्रशासन ने यात्रियों को मौसम की जानकारी लेकर ही यात्रा करने की सलाह दी है।

किसानों को विशेष सलाह

भारतीय मौसम विभाग ने तमिलनाडु और केरल के किसानों को विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी है। जिन क्षेत्रों में धान की फसल पक चुकी है, वहां कटाई कर फसल को सुरक्षित स्थान पर रखने की सलाह दी गई है। खेतों में जल निकासी की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया है ताकि जलभराव से नुकसान न हो।

तेज हवाओं को देखते हुए केले, सब्जियों और बागवानी फसलों को सहारा देने और आवश्यक सुरक्षा उपाय अपनाने की भी सलाह दी गई है। मौसम की सक्रियता को ध्यान में रखते हुए कृषि गतिविधियों की योजना बनाने पर जोर दिया गया है।

देश के दक्षिणी हिस्सों में जहां अगले कुछ दिन बारिश और तेज हवाओं के कारण चुनौतीपूर्ण रह सकते हैं, वहीं उत्तर भारत में तापमान वृद्धि से मौसम शुष्क और अपेक्षाकृत गर्म रहने की संभावना है। मौसम विभाग ने नागरिकों से सतर्क रहने और आधिकारिक अपडेट पर नजर रखने की अपील की है।