ईडी ने कोर्ट में कहा – यंग इंडियन लिमिटेड के जरिए की गई 2000 करोड़ की संपत्ति हड़पने की साजिश

नेशनल हेराल्ड केस: ईडी की बहस पूरी, गांधी परिवार 4 जुलाई को रखेगा जवाब

नई दिल्ली। नेशनल हेराल्ड केस में प्रवर्तन निदेशालय (ED) की ओर से बहस गुरुवार को राऊज एवेन्यू कोर्ट में पूरी हो गई है। अब 4 जुलाई को कांग्रेस नेता राहुल गांधी, सोनिया गांधी और अन्य आरोपितों की ओर से उनके वकील अपनी दलीलें पेश करेंगे। यह फैसला स्पेशल जज विशाल गोगने ने सुनवाई के दौरान दिया।

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🧾 ईडी ने क्या कहा कोर्ट में?

  • एएसजी एसवी राजू, जो कि ईडी की ओर से बहस कर रहे थे, ने कहा कि यंग इंडियन लिमिटेड, गांधी परिवार द्वारा नियंत्रित एक ऐसा माध्यम था जिससे 2000 करोड़ की आपराधिक आय प्राप्त की गई।
  • उन्होंने इसे मनी लॉन्ड्रिंग का "क्लासिक उदाहरण" बताया।
  • एएसजी ने यह भी कहा कि गांधी परिवार ने यंग इंडियन में शेयरहोल्डिंग केवल दिखावे के लिए रखी और बाकी सभी निदेशक उनके "कठपुतली" हैं।
  • “उनका उद्देश्य 92 करोड़ नहीं, बल्कि 2000 करोड़ की संपत्ति पर नियंत्रण पाना था।”

🏛️ नेशनल हेराल्ड और एजेएल की भूमिका

  • ईडी के मुताबिक, गांधी परिवार के नियंत्रण वाली यंग इंडियन लिमिटेड ने एसोसिएटेड जर्नल्स लिमिटेड (AJL) की संपत्तियों पर 50 लाख रुपये के मामूली भुगतान के आधार पर अधिकार प्राप्त किया।
  • इसके बाद यंग इंडियन ने ऐलान कर दिया कि वह नेशनल हेराल्ड अखबार का प्रकाशन नहीं करेगा।

🏢 देश भर की कीमती संपत्तियों पर कब्जे का आरोप

  • ईडी ने बताया कि AJL की संपत्तियां दिल्ली के अलावा लखनऊ, भोपाल, इंदौर, पटना, पंचकुला जैसे कई शहरों में स्थित हैं, जो वर्षों पहले केंद्र और राज्य सरकारों ने अखबार चलाने के उद्देश्य से दी थीं।
  • आरोप है कि इन संपत्तियों को यंग इंडियन के जरिए पैसे कमाने के लिए हस्तांतरित किया गया।

🧱 हेराल्ड हाउस पर कब्जे का विवाद

  • शिकायतकर्ता सुब्रह्मण्यम स्वामी ने कोर्ट में कहा कि गांधी परिवार ने जानबूझकर 1600 करोड़ रुपये की कीमत वाले दिल्ली के हेराल्ड हाउस को हड़पने की साजिश की।
  • उन्होंने तर्क दिया कि यह जमीन समाचार पत्र चलाने के लिए दी गई थी और इसे व्यावसायिक उद्देश्य से उपयोग नहीं किया जा सकता।

👩‍⚖️ गांधी परिवार की दलील क्या है?

  • गांधी परिवार का कहना है कि उन्हें राजनीतिक कारणों से बेवजह फंसाया गया है।
  • उन्होंने आरोप लगाया कि यह मामला उन्हें प्रताड़ित करने और उनकी छवि खराब करने के उद्देश्य से लाया गया है।


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