मुंबई के खार पुलिस स्टेशन में स्टैंडअप कॉमेडियन कुणाल कामरा के खिलाफ तीन नए मामले दर्ज किए गए हैं। ये केस महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे पर दिए गए उनके कथित विवादित बयान को लेकर हैं।

कौन-कौन सी शिकायतें दर्ज हुईं?

मुंबई पुलिस ने शनिवार को जानकारी दी कि पहली शिकायत जलगांव की मेयर ने दर्ज कराई है, जबकि अन्य दो शिकायतें नासिक के दो अलग-अलग बिजनेसमैन की ओर से दर्ज कराई गई हैं। इन शिकायतों में भड़काऊ बयानबाजी और मानहानि के आरोप शामिल हैं।

पुलिस की कार्रवाई

  • मुंबई पुलिस कुणाल कामरा को दो बार समन जारी कर चुकी है और पूछताछ के लिए बुलाया गया है।
  • अगर वह तय समय पर पेश नहीं होते, तो उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई और गिरफ्तारी की संभावना बन सकती है।

विधान परिषद में विशेषाधिकार हनन का नोटिस

महाराष्ट्र विधान परिषद में भी कुणाल कामरा के खिलाफ विशेषाधिकार हनन का नोटिस स्वीकार कर लिया गया है। इसका मतलब यह है कि अगर उन्हें दोषी पाया जाता है, तो उन पर कड़ी कार्रवाई हो सकती है

संजय राउत का बयान – 'कुणाल को सुरक्षा मिलनी चाहिए'

शिवसेना (UBT) सांसद संजय राउत ने इस पूरे मामले में बयान देते हुए कहा,
"जिस तरह भाजपा सांसद कंगना रनोट को शिवसेना से टकराव के बाद सुरक्षा दी गई थी, वैसी ही सिक्योरिटी कुणाल कामरा को भी मिलनी चाहिए।"

संजय राउत ने कहा कि कुणाल को कानून का सामना करना चाहिए, लेकिन उन्हें आतंकवादी की तरह ट्रीट नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने यह भी जोड़ा कि मुंबई पुलिस निष्पक्ष है और उन्हें कानून पर भरोसा रखना चाहिए

कुणाल को मद्रास हाईकोर्ट से अग्रिम जमानत

इस पूरे मामले में कुणाल कामरा को मद्रास हाईकोर्ट से राहत मिली है। उन्हें अग्रिम जमानत मिल गई है, जिससे उनकी गिरफ्तारी टल गई।

कुणाल ने कोर्ट में कहा कि वह तमिलनाडु के विल्लुपुरम के निवासी हैं और अगर वे मुंबई गए तो उनकी गिरफ्तारी हो सकती है। उन्होंने यह भी दावा किया कि शिवसेना कार्यकर्ताओं से उन्हें जान का खतरा है

मामला कितना गंभीर है?

कुणाल कामरा पहले भी अपने विवादित बयानों और राजनीतिक कटाक्षों को लेकर चर्चा में रहे हैं।

  • इससे पहले भी कई बार उन पर मानहानि और भड़काऊ बयानों के आरोप लग चुके हैं
  • इस बार महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री को लेकर दिए बयान के बाद मामला राजनीतिक रूप से काफी बड़ा हो गया है

क्या आगे हो सकता है?

  • कुणाल को मुंबई पुलिस के समन का जवाब देना होगा, नहीं तो उनके खिलाफ गिरफ्तारी की कार्रवाई हो सकती है
  • महाराष्ट्र सरकार की ओर से उनके बयानों की कानूनी समीक्षा हो रही है, जिससे इस केस में और धाराएं जोड़ी जा सकती हैं।
  • संजय राउत के बयान के बाद इस मामले को राजनीतिक रंग मिलने की भी संभावना है

कुणाल कामरा के बयानों को लेकर पहले भी विवाद हो चुके हैं, लेकिन इस बार मामला सीधा महाराष्ट्र सरकार और विधान परिषद तक पहुंच चुका है। अब देखना होगा कि वे कानूनी लड़ाई लड़ते हैं या समझौते का रास्ता अपनाते हैं

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